Wednesday, June 10, 2026
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गृहलक्ष्मी योजना में भारी फर्जीवाड़ा, 1.48 लाख मृत महिलाओं को मिले ₹128 करोड़...

June 10, 2026 Source: Bharat Vaani

गृहलक्ष्मी योजना में भारी फर्जीवाड़ा, 1.48 लाख मृत महिलाओं को मिले ₹128 करोड़...
कर्नाटक की कांग्रेस सरकार की महत्वाकांक्षी ‘गृहलक्ष्मी’ योजना में बड़े पैमाने पर वित्तीय गड़बड़ी सामने आई है, जिससे प्रशासनिक और राजनीतिक हलकों में हड़कंप मच गया है। जांच रिपोर्ट के अनुसार, पिछले पांच महीनों में लगभग 1.48 लाख मृत महिलाओं के खातों में कुल 128 करोड़ रुपये की सहायता राशि गलती से ट्रांसफर हो गई। यह योजना महिलाओं को हर महीने 2,000 रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान करने के उद्देश्य से शुरू की गई थी। सबसे चौंकाने वाली बात यह सामने आई कि इन मृत लाभार्थियों के खातों से उनके रिश्तेदारों द्वारा यूपीआई और एटीएम के माध्यम से पैसे भी निकाले गए। प्रारंभिक जांच में यह स्पष्ट हुआ कि यह समस्या केवल मानवीय त्रुटि नहीं बल्कि एक गंभीर तकनीकी खामी का परिणाम थी। कई मामलों में बैंक खातों से जुड़े मोबाइल नंबर योजना के रिकॉर्ड से मेल नहीं खा रहे थे, जबकि कुछ खातों में एक से अधिक मोबाइल नंबर दर्ज पाए गए, जिससे सिस्टम में भ्रम और दुरुपयोग की स्थिति बनी। इस अनियमितता का खुलासा राज्य गारंटी योजना कार्यान्वयन समिति के उपाध्यक्ष दिनेश गुलीगौड़ा द्वारा किए गए तकनीकी ऑडिट और विस्तृत जांच के दौरान हुआ। रिपोर्ट सामने आने के बाद मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने महिला एवं बाल कल्याण विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों की आपात बैठक बुलाई और मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। सरकार अब योजना की लाभार्थी सूची को अस्थायी रूप से रोकने और नए सिरे से आवेदन प्रक्रिया शुरू करने पर विचार कर रही है। साथ ही, भविष्य में इस तरह की गड़बड़ियों को रोकने के लिए बायोमेट्रिक सत्यापन और जीवन प्रमाण पत्र को अनिवार्य करने की तैयारी भी की जा रही है। इस पूरे मामले ने सार्वजनिक धन के दुरुपयोग और योजना के तकनीकी प्रबंधन पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, जिससे सरकार पर पारदर्शिता और सुधार को लेकर दबाव बढ़ गया है।